शिवसेना नेता संजय राउत ने शुक्रवार को कहा कि यदि राष्ट्रपति उम्मीदवार पर बीजेपी मोहन भागवत के नाम पर सहमत नहीं है तो वह एमएस स्वामीनाथन के नाम पर विचार कर सकती है. उद्धव ठाकरे ने भागवत के साथ ही स्वामीनाथन का नाम बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को भेजा है. बता दें कि उद्धव ठाकरे लगातार कहते आ रहे हैं कि बीजेपी राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत को राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाए. शिवसेना का कहना है कि हिंदू राष्ट्र के सपने के लिए संघ प्रमुख का राष्ट्रपति बनना जरूरी है. अब शिवसेना ने स्वामीनाथन का नाम आगे किया है. बता दें कि एमएस स्वामीनाथ का जन्म 7 अगस्त 1925 को तमिलनाडू में हुआ था. वह जेनेटिक वैज्ञानिक हैं और हरित क्रांति में महत्वपूर्ण भूमिका के लिए जाने जाते हैं. साल 1966 में उन्होंने मैक्सिकों के बीजों को पंजाब की घरेलू किस्मों के साथ मिलाकर उच्च उत्पादकता वाले गेंहूं के संकर बीज विकसित कए थे. स्वामीनाथन की तरफ से शुरू की गई सदाबहार क्रांति ने उन्हें विश्व नेता का दर्जा दिलाया. विज्ञान एवं अभियांत्रिकी के क्षेत्र में उनके काम को देखते हुए भारत सरकार ने उन्हें 1967 में पद्मश्री, 1972 में पद्मभूषण और 1989 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया. साल 2004 में केंद्र सरकार ने स्वामीनाथन की अध्यक्षता में नेशनल कमीशन ऑन फॉर्मर्स का गठन किया. इसे स्वामीनाथन आयोग के नाम से जाना जाता है. हालांकि, 4 अक्टूबर 2006 को रिपोर्ट सौंपने के बाद भी अब तक इसकी सिफारिशें लागू नहीं की गई हैं.