चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल मुकाबले में मोहम्मद आमिर के तूफानी स्पैल ने टीम इंडिया की हार की भूमिका तैयार की. आमिर ने रोहित शर्मा, कप्तान विराट कोहली और शिखर धवन को जल्द आउट कर ऐसे झटके दिए कि इसके बाद टीम इंडिया कभी वापसी करती नहीं दिखी. आमिर के प्रदर्शन पर उनके भाई नावीद और एजाज ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि आमिर का चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में भारत के खिलाफ नई गेंद से शानदार स्पैल और पूरे पाकिस्तान में जश्न ने उन पर से दबाव हटा दिया है. नावीद ने कहा, स्पॉट फिक्सिंग विवाद के बाद हम काफी शर्मसार थे और लोगों का सामना करने में हमें काफी बुरा लग रहा था. उन्होंने कहा, आमिर अपनी सजा को पूरा करने के बाद से पाकिस्तान के लिए कुछ अच्छा करना चाहता था ताकि अपनी गलती की भरपाई कर सके और मुझे लगता है कि वह रविवार को भारत के खिलाफ खेले गए फाइनल मैच में ऐसा करने में सफल रहा. नावीद ने कहा, हर कोई हमारे गांव से हमें फोन करके आमिर के फाइनल में प्रदर्शन के लिए बधाई दे रहा है.
आपको बता दें कि आमिर को स्पॉट फिक्सिंग में पांच साल के लिए बैन किया गया था. आमिर ने जब क्रिकेट की दुनिया में कदम रखा था तो कुछ ही समय बाद वह स्पॉट फिक्सिंग मामले में फंसकर सीधे जेल पहुंच गए थे. उस समय उनकी उम्र 17 साल थी. आमिर उस दौरान फिक्सिंग के केस में फंसे थे जब पाकिस्तान की टीम साल 2010 में इंग्लैंड दौरे के लिए गए थी. उन पर मैच के दौरान जान बूझकर नो बॉल फैंकने के आरोप लगे. जिसके बाद उन पर आरोप साबित होने के बाद उन्हें 5 साल के लिए सस्पेंड किया गया था. यहां से उनके क्रिकेट करियर पर काला धब्बा लगा और उन्हें टीम में फिर से शामिल किए जाने या ना किए जाने पर कई बार सवाल उठते रहे. तमाम मुश्किलों के बाद अंत में पाक बोर्ड ने उन्हें अंतर्राष्ट्रीय टीम में खेलने की अनुमति दे दी. बता दें कि तब से सात साल के बाद आमिर के परिवार ने अब जा कर राहत की सांस ली है.