मनीला। फिलीपीन में तबाही मचाने वाली उष्णकटिबंधीय तूफान में मरने वालों की संख्या 44 पहुंच गई है। अधिकारियों ने बताया कि इसी के साथ बारिश की वजह से हुए भूस्खलनों में लापता हुए दर्जनों लापता लोगों के मिलने की उम्मीद भी धीरे-धीरे खत्म होती जा रही है।फिलिपीन: 'काई-टक' तूफान में मरने वालों की संख्या 44 हुई धीमी रफ्तार से आगे बढऩे वाला काई-टक तूफान अंतत सोमवार को यहां से दक्षिणी चीनी समुद्र की तरफ बढ़ गया। तूफान के चलते यहां कई दिनों तक भारी बारिश हुई जिससे भीषण बाढ़ और भूस्खलन हुए। सरकार की आपदा निरीक्षण एजेंसी ने ताजा आंकड़ों में मरने वालों की संख्या 44 बताई है और कहा है कि 45 अन्य लोग अब भी लापता हैं। बाढ़ के कारण चट्टानें नीचे गिरीं जिससे पियागापो में करीब 40 घर उजड़ गए जिससे कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई। उन्होंने बताया कि हमने बचावकर्मी वहां भेजे हैं लेकिन चट्टानों की वजह से उन्हें ज्यादा सफलता नहीं मिल पा रही है। फिलीपीन को औसतन हर साल 20 बड़े तूफानों का सामना करना पड़ता है लेकिन दो करोड़ लोगों की जनसंख्या वाला मिंदानो इन तूफानों से बमुश्किल ही प्रभावित होता है। इनमें से कईयों के मिट्टी के ढेर के नीचे दबे होने की आशंका है। आपदा निरीक्षण अधिकारी सोफरोनियो डासिलो ने एएफपी को फोन पर बताया कि बचाव कार्य अब भी जारी है लेकिन हमें कोई भी जीवित नहीं मिल रहा। हमें बस शव मिल रहे हैं।